मुंबई के शायर और अदीब

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सम्पूर्ण सिंह/प्रमुख फि़ल्म निर्माता और निर्देशक, फि़ल्म गीतकार और कहानीकार/मिर्ज़ा ग़ालिब पर टीवी सीरियल के लिए प्रसिद्ध/साहित्य अकादमी पुरस्कार प्राप्त

मंटो के समकालिक, प्रगतिशील आंदोलन से सम्बद्ध प्रसिद्ध अफ़साना निगार, रूमानी और यथार्थवादी कहानियां लिखने के लिए मशहूर.

आधुनिक उर्दू नज़्म के संस्थापकों में शामिल। अग्रणी फ़िल्म-संवाद लेखक। फ़िल्म ' वक़्त ' और ' क़ानून ' के संवादों के लिए मशहूर। फ़िल्म 'वक़्त' में उनका संवाद ' जिनके घर शीशे के हों वो दूसरों पर पत्थर नहीं फेंकते ' , आज भी ज़बानों पर

अग्रणी प्रगतिशील शायरों में शामिल/आलोचक, बुद्धिजीवी और साहित्यिक पत्रिका ‘गुफ़्तुगू’ के संपादक/भारतीय ज्ञानपीठ पुरस्कार से सम्मानित/उर्दू शायरों पर टीवी सीरियलों के निर्माता

महत्वपूर्ण प्रगतिशील शायर और फ़िल्म गीतकार। फ़िल्म गीतकार जावेद अख़्तर के पिता

लोकप्रिय प्रमुख प्रगतिशील शायर और फि़ल्म गीतकार/हीर राँझा और काग़ज़ के फूल के गीतों के लिए प्रसिद्ध

भारत के सबसे प्रमुख प्रगतिशील गजल-शायर/प्रमुख फि़ल्म गीतकार/दादा साहब फाल्के पुरस्कार से सम्मानित

आधुनिक उर्दू नज़्म के संस्थापकों में शामिल। कहते हैं उन्होंने अपनी काल्पनिक प्रेमिका मीरा सेन के नाम पर अपना नाम ' मीरा ' जी कर लिया। कम उम्र में देहांत हुआ।

महत्वपूर्ण आधुनिक शायर और फ़िल्म गीतकार। अपनी ग़ज़ल ' कभी किसी को मुकम्मल जहाँ नहीं मिलता ' के लिए प्रसिद्ध

अपनी ग़ज़ल "दीवारों से मिल कर रोना अच्छा लगता है" , के लिए प्रसिद्ध

अग्रणी प्रगतिशील शायरों में शामिल। मशहूर फ़िल्म गीतकार

प्रसिद्ध फ़िल्म गीतकार और शायर

मुम्बई के प्रख्यात आधुनिक शायर, संजीदा शायरी पसंद करने वालों में लोकप्रिय।

नई नस्ल के महत्वपूर्ण शायर।

प्रमुखतम प्रगतीशील शायरों में शामिल / अपनी भावनात्मक तीक्षणता के लिए विख्यात

प्रमुख आलोचक, अपनी बेबाकी और परम्परा-विरोध के लिए विख्यात

प्रतिष्ठित साहित्यिक पत्रकार और शयार जिन्होंने "शायर" जैसी साहित्यिक पत्रिका का संपादन किया

प्रतिष्ठित आधुनिक आलोचक

आधुनिक भारतीय रंग-मंच के अग्रणी हस्ताक्षरों में शामिल। अपने नाटक 'आगरा बाज़ार ' के लिए प्रसिद्ध

फ़िल्म गीतकार। राजकपूर के साथ गहरे संबंधों के लिए प्रसिद्ध

फिल्म 'कहो ना प्यार है' के गीतों के लिए मशहूर।

फ़िल्म स्क्रिप्ट- राइटर , गीतकार और शायर। ' शोले ' और ' दीवार ' जैसी फ़िल्मों के लिए प्रसिद्ध

फ़िल्म गीतकार, अपनी नज़्म 'बात निकलेगी तो फिर दूर तलक जाएगी' के लिए प्रसिद्ध, जिसे जगजीत सिंह ने आवाज़ दी थी।

फ़िल्म तारिका जिन्हें ' ट्रैजिडी क्वीन ' कहा जाता है। ' तन्हा चाँद ' उनकी शायरी का संग्रह है

प्रसिद्ध फ़िल्म संगीतकार और दादा साहब फाल्के एवार्ड से सम्मानित। शायरी का संग्रह ' आठवाँ सुर ' के नाम से प्रकाशित

अग्रणी हिंदी उपन्यासकार और फ़िल्म संवाद-लेखक , टी. वी. सीरियल ' महाभारत ' के संवादों के लिए प्रसिद्ध

समाजिक सच्चाइयों को बेनक़ाब करने वाले लोकप्रिय शायर

साबिर दत्त हरियाणा के विख्यात शायर है।

शायर और फ़िल्म गीतकार

महत्वपूर्ण उत्तर-आधुनिक शायरों में विख्यात।

नयी नस्ल के नुमाइन्दा शायर

अग्रणी प्रगतिशील शायर।

नई ग़ज़ल के प्रतिनिधि शायर

शायर और अदीब, प्रसिद्ध साहित्यिक पत्रिका ‘इस्बात’ के सम्पादक

क़तर में रहनेवाले प्रसिद्ध शायर

प्रमुख स्कॉलर / दीवान-ए-ग़ालिब को काल-क्रम के अनूसार संकलित करने के लिए विख्यात

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