आपकी खोज से संबंधित
परिणाम "aashiq-e-dil-giir"
नज़्म के संबंधित परिणाम "aashiq-e-dil-giir"
नज़्म
है मगर आज नज़र में वो बहार-ए-दिल-गीर
कर दिया दिल को फ़रिश्तों ने तरब के तस्ख़ीर
चकबस्त बृज नारायण
नज़्म
कुछ ये कहते थे कि 'आशिक़ था किसी दिल-गीर का
कुछ ये कहते थे नहीं बस कुछ नहीं
अब्दुल हामिद देहलवी
नज़्म
आ गया दिल में तिरे 'मीर-तक़ी-मीर' का सोज़
दे गया दर्द की लज़्ज़त तुझे 'दिल-गीर' का सोज़
हबीब जौनपुरी
नज़्म
हर तरफ़ रंज-ओ-अलम मातम-कुनाँ हर अंजुमन
हर बशर दिल-गीर है हर दिल में है ग़म की चुभन
बिसमिल आज़मी
नज़्म
मुसीबत की घड़ी है दर्द-मंदान-ए-वतन आओ
ख़बर लो ज़ख़्म-ख़ुर्दा ग़म-ज़दा दिल-गीर भारत की
नो बहार साबिर
नज़्म
आए वो बहर-अयादत डाल कर रुख़ पर नक़ाब
रह गया अरमान दिल में आशिक़-ए-नाशाद का
राज्य बहादुर सकसेना औज
नज़्म
कह रहा है आशिक़-ए-सादिक़ ब-सद रंज-ओ-मलाल
मैं तुम्हारा हो गया हूँ छोड़ कर दुनिया-ओ-दीं