Waseem Barelvi's Photo'

वसीम बरेलवी

1940 - | दिल्ली, भारत

लोकप्रिय शायर।

ग़ज़ल 65

नज़्म 9

शेर 67

वो पूछता था मिरी आँख भीगने का सबब

मुझे बहाना बनाना भी तो नहीं आया

हम ये तो नहीं कहते कि हम तुझ से बड़े हैं

लेकिन ये बहुत है कि तिरे साथ खड़े हैं

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चराग़ घर का हो महफ़िल का हो कि मंदिर का

हवा के पास कोई मस्लहत नहीं होती

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क़ितआ 11

ई-पुस्तक 3

Aankh Ansu Hui

 

2000

Mausam Andar Bahar Ke

 

2007

तबस्सुम-ए-ग़म

 

1966

 

चित्र शायरी 9

 

वीडियो 32

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सेक्शन से वीडियो
शायर अपना कलाम पढ़ते हुए
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43rd Shri Ram Kavi Sammelan Held At Modern School , Barakhamba Road , New Delhi on Nov 23 , 2013

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Sulagti Ankhon Se Unwaney Sham Likhta hai

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Waseem Barelvi - Mushaira barabanki 2008

वसीम बरेलवी

Waseem Barelvi (Jashn-e-Waseem Barelvi Houston 2009)

वसीम बरेलवी

Waseem Barelvi at Mushaira

वसीम बरेलवी

Waseem Barelvi at Mushaira

वसीम बरेलवी

Waseem Barelvi at Mushaira

वसीम बरेलवी

Waseem Barelvi at Mushaira Haidrabad

वसीम बरेलवी

Waseem Barelvi Dewa Mahotsav Uski Gali Mein Roz Ka Aana Jana Hai

वसीम बरेलवी

Waseem Barelvi Lucknow Mahotsav Nain Se Nain Mila Kar Dekho

वसीम बरेलवी

Yaad-e-Masoom Mushaira & Kavi Sammelan, Moradabad 2012

वसीम बरेलवी

क्या दुख है समुंदर को बता भी नहीं सकता

वसीम बरेलवी

ज़रा सा क़तरा कहीं आज अगर उभरता है

वसीम बरेलवी

मैं आसमाँ पे बहुत देर रह नहीं सकता

वसीम बरेलवी

मैं इस उमीद पे डूबा कि तू बचा लेगा

वसीम बरेलवी

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लहू न हो तो क़लम तर्जुमाँ नहीं होता

अज्ञात

सब ने मिलाए हाथ यहाँ तीरगी के साथ

अज्ञात

ऑडियो 2

अपने हर हर लफ़्ज़ का ख़ुद आईना हो जाऊँगा

क्या दुख है समुंदर को बता भी नहीं सकता

Recitation

aah ko chahiye ek umr asar hote tak SHAMSUR RAHMAN FARUQI

 

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