Anand Narayan Mulla's Photo'

आनंद नारायण मुल्ला

1901 - 1997 | इलाहाबाद, भारत

इलाहाबाद हाई कोर्ट के जज थे। लोक सभा के सदस्य भी रहे

इलाहाबाद हाई कोर्ट के जज थे। लोक सभा के सदस्य भी रहे

आनंद नारायण मुल्ला

ग़ज़ल 58

नज़्म 3

 

अशआर 37

रोने वाले तुझे रोने का सलीक़ा ही नहीं

अश्क पीने के लिए हैं कि बहाने के लिए

  • शेयर कीजिए

वो कौन हैं जिन्हें तौबा की मिल गई फ़ुर्सत

हमें गुनाह भी करने को ज़िंदगी कम है

  • शेयर कीजिए

सर-ए-महशर यही पूछूँगा ख़ुदा से पहले

तू ने रोका भी था बंदे को ख़ता से पहले

अब और इस के सिवा चाहते हो क्या 'मुल्ला'

ये कम है उस ने तुम्हें मुस्कुरा के देख लिया

  • शेयर कीजिए

इश्क़ करता है तो फिर इश्क़ की तौहीन कर

या तो बेहोश हो, हो तो फिर होश में

  • शेयर कीजिए

पुस्तकें 22

चित्र शायरी 2

 

ऑडियो 7

क़हर की क्यूँ निगाह है प्यारे

ख़मोशी साज़ होती जा रही है

ज़िंदगी गो कुश्ता-ए-आलाम है

Recitation

aah ko chahiye ek umr asar hote tak SHAMSUR RAHMAN FARUQI

संबंधित शायर

"इलाहाबाद" के और शायर

Recitation

aah ko chahiye ek umr asar hote tak SHAMSUR RAHMAN FARUQI

बोलिए