रहमान फ़ारिस का परिचय
कहानी ख़त्म हुई और ऐसी ख़त्म हुई
कि लोग रोने लगे तालियाँ बजाते हुए
रहमान फ़ारिस रोज़गार के एतिबार से सिविल सर्विस आफ़ पाकिस्तान से संबद्द हैं। आजकल उनकी नियुक्ति एडीशनल कमिशनर इन लैंड रेवेन्यू (इस्लामाबाद) में है। शायरी की पहली किताब “इश्क़ बख़ैर” के नाम से प्रकाशित हो चुका है। मुशाइरों के हवाले से दुनिया भर में बुलाए जाते हैं। अभी तक अमरीका, यूरोप के बहुत से देशों, मशरिक़-ए-वुस्ता के अधिकतर देशों, हिंदुस्तान, बंग्लादेश, चीन, तुर्की और आस्ट्रेलिया के मुशाइरों में अपना कलाम पेश करके सामईन-ओ-हाज़िरीन की बड़ी तादाद से दाद-ए-सुख़न वुसूल कर चुके हैं। अमरीका के हालिया अदबी दौरे का सफरनामा जे़र-ए-तबा है। पाकिस्तान टेलीविज़न के अदबी प्रोग्राम्ज़ के एंकर पर्सन हैं। क़ाबिल-ए-क़द्र अंग्रेज़ी की मैगज़ीनों में बहुत से काॅलम्ज़ लिख चुके हैं।